Hindi -best - Rise Of Banda Singh Bahadur Part 2 In

यह पीछे हटना पराजय नहीं था, बल्कि एक नई रणनीति का हिस्सा था।

बादशाह ने नामक सबसे बड़े सेनापति को 30,000 सैनिकों के साथ बंदा सिंह को खत्म करने भेजा। लेकिन बंदा सिंह ने गुरिल्ला युद्ध की रणनीति से मुगल सेना को जंगलों और पहाड़ियों में भटका दिया।

यह सिर्फ एक जीत नहीं थी, बल्कि एक प्रतीकात्मक बदला था – गुरु घर की बेइज्जती का मुंहतोड़ जवाब। सरहिंद पर जीत के बाद बंदा सिंह ने वहाँ के लोगों को न्याय देने का वादा किया। Rise Of Banda Singh Bahadur Part 2 In Hindi -BEST

गुरु जी से आशीर्वाद लेकर बंदा सिंह बहादुर दक्षिण से उत्तर की ओर बढ़े। रास्ते में राजपूताना और हरियाणा के क्षेत्रों से गुजरते हुए उन्होंने स्थानीय लोगों को संगठित किया। उनका लक्ष्य स्पष्ट था – अत्याचारी मुगल शासकों और उनके सामंतों को सबक सिखाना।

जब बादशाह बहादुर शाह को दक्षिण (राजस्थान) से सरहिंद की हार और बंदा सिंह के बढ़ते प्रभाव के समाचार मिले, तो उन्होंने सारी उपेक्षा छोड़ दी। यह कोई साधारण विद्रोह नहीं था, बल्कि एक क्रांति थी। Rise Of Banda Singh Bahadur Part 2 In Hindi -BEST

नमस्कार दोस्तों, पिछले भाग में हमने देखा कि कैसे एक साधु माधो दास ने श्री गुरु गोबिंद सिंह जी से दीक्षा लेकर ‘बंदा सिंह बहादुर’ बने और उन्हें पंजाब भेजा गया। गुरु जी के आशीर्वाद और ‘जयते’ (विजय) की ध्वनि के साथ वह निकले। अब इस भाग में जानते हैं कि कैसे इस साधु-सेनानी ने मुगल सल्तनत की नींव हिला दी।

बंदा सिंह ने मई 1710 में सरहिंद को घेर लिया। सरहिंद का युद्ध 12 मई से 14 मई तक चला। अंततः वजीर खान को बुरी तरह हार का सामना करना पड़ा। वजीर खान युद्ध में मारा गया। Rise Of Banda Singh Bahadur Part 2 In Hindi -BEST

यहाँ Banda Singh Bahadur के उदय की द्वितीय भाग पर आधारित एक ब्लॉग पोस्ट हिंदी में प्रस्तुत है। यह ऐतिहासिक तथ्यों और वीरगाथा को सरल, प्रभावशाली शैली में प्रस्तुत करता है।